Kapil dev statement on three coaches: कपिल देव का कहना है कि तीनों फॉर्मेट में तीन अलग अलग कोच रखने से उन्हें कोई आपत्ति नहीं है. साथ ही उन्होंने ये भी कहा कि यह मेरा काम नहीं है. इसे बीसीसीआई और टीम मैनेजमेंट पर छोड़ देना चाहिए.
कपिल देव (Kapil Dev) ने पीटीआई वीडियो से एक विशेष बातचीत में कहा, ‘मुझे नहीं लगता कि इस तरह का जवाब देना मेरे लिए उचित है. जो लोग वहां बैठकर टेस्ट, वनडे और टी20 क्रिकेट के लिए ये नियम बना रहे हैं, वह उनका काम है।हम जैसे लोगों के लिए बयान देना बहुत आसान है और मुझे ऐसा करना पसंद नहीं है.’ कपिल ने कहा कि कोचिंग व्यवस्था का ढांचा पूरी तरह से परिणामों और टीम की जरूरतों पर आधारित होना चाहिए.

कपिल देव ने कहा है कि इसपर फैसला बीसीसीआई को करना है.
बकौल कपिल देव, ‘अगर तीन कोचों की जरूरत है, तो उन्हें रखिए। अगर दो कोचों की जरूरत है, तो उन्हें रखिए. अगर एक कोच ही काफी है, तो यह सब परिस्थितियों पर निर्भर करता है. जिम्मेदारी क्रिकेट बोर्ड और चयनकर्ताओं की है. उन्हें तय करना चाहिए कि टेस्ट क्रिकेट, वनडे या टी20 के लिए सबसे अच्छा क्या है.’ हालिया सीरीज हार के बाद भारत फिलहाल टेस्ट रैंकिंग में शीर्ष स्थान से बाहर है, जिससे राष्ट्रीय टीम में संरचनात्मक बदलावों को लेकर बहस छिड़ गई है.
About the Author

करीब 15 साल से पत्रकारिता में सक्रिय. दिल्ली यूनिवर्सिटी से पढ़ाई. खेलों में खासकर क्रिकेट, बैडमिंटन, बॉक्सिंग और कुश्ती में दिलचस्पी. IPL, कॉमनवेल्थ गेम्स और प्रो रेसलिंग लीग इवेंट्स कवर किए हैं. फरवरी 2022 से…और पढ़ें
Discover more from Sports News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.