T20 World Cup 2026: सात फरवरी से भारत-श्रीलंका की संयुक्त मेजबानी में शुरू होने जा रहे T-20 वर्ल्ड कप में एसोसिएट देश मौके का पूरा फायदा उठाने की कोशिश करेंगे. नेपाल, स्कॉटलैंड और इटली सरीखी टीम छाप छोड़ने को तैयार हैं. इटली, नेपाल और स्कॉटलैंड ग्रुप सी में है.
इटली, स्कॉटलैंड और नेपाल
बांग्लादेश के हटने पर स्कॉटलैंड की एंट्री
नेपाल एक उभरती टीम है, बांग्लादेश के भारत में सुरक्षा कारणों से हटने के बाद स्कॉटलैंड को जगह मिली और इटली की मौजूदगी यूरोप में क्रिकेट के बढ़ने का सबूत है. इन टीमों के कप्तान इस मौके की अहमियत को अच्छी तरह समझते हैं.
फुटबॉल वाले इटली में कैसे लोकप्रिय हुआ क्रिकेट
इटली के कप्तान वेन मैडसेन जो साउथ अफ्रीका के लिए हॉकी खेल चुके हैं ने कहा कि इटली में फुटबॉल सबसे बड़ा खेल है, लेकिन टी-20 वर्ल्ड कप में खेलना हमारे देश के लिए बहुत खास है और इससे इटली क्रिकेट के नक्शे पर आएगा. स्कॉटलैंड के लिए यह टूर्नामेंट अलग तरह की चुनौती है क्योंकि उन्हें पिछले महीने तक भी अपनी भागीदारी का अंदाजा नहीं था. स्कॉटलैंड के कप्तान रिची बेरिंगटन ने कहा कि हमारी तैयारी बाकी टीमों से अलग रही है, लेकिन हम इस मौके का पूरा फायदा उठाने की कोशिश करेंगे. यह हमारे लिए शानदार मौका है.
लगातार दूसरा वर्ल्ड कप खेल रहा नेपाल
नेपाल लगातार दूसरा टी-20 वर्ल्ड कप खेल रहा है और वह अच्छा प्रदर्शन करना चाहता है. नेपाल के कप्तान रोहित पौडेल, जो रोहित शर्मा के बड़े फैन हैं, ने कहा कि यह टी-20 वर्ल्ड कप हमारे लिए बहुत अहम है क्योंकि हमने 10 साल बाद (2024 में) क्वालीफाई किया है. हम अगली पीढ़ी के लिए छाप छोड़ना चाहते हैं. पौडेल मुंबई में रोहित शर्मा के घरेलू मैदान पर खेलने को लेकर बहुत उत्साहित हैं. उन्होंने कहा कि मैं रोहित शर्मा का बहुत बड़ा फैन हूं, लेकिन उम्मीदों पर खरा उतरना मेरे लिए मुश्किल होगा. मुझे उम्मीद है कि मैं फैंस को खुश कर पाऊंगा.
About the Author

अंशुल तलमले फरवरी 2025 से नेटवर्क18 ग्रुप में डिप्टी न्यूज एडिटर की जर्सी पहनकर स्पोर्ट्स डेस्क की कप्तानी कर रहे हैं. जबरदस्त स्ट्राइक रेट के साथ पिछले एक दशक से उनकी नाबाद पारी जारी है. अपनी ऑलराउंड क्षमता के…और पढ़ें
Discover more from Sports News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.